माघ मेला में 50 साल से कम पुलिसकर्मी करेंगे ड्यूटी, योगी सरकार का बड़ा निर्णय
माघ मेला में पुलिसकर्मी के ड्यूटी को लेकर किए गए नियम
वा.एप- 8109107075 "धर्म नगरी" की प्रति फ्री मंगवाने या अपने नाम बटवाने-भिजवाने हेतु
आगामी तीन जनवरी 2026 को पौष पूर्अणिमा से तीर्प्रथराज प्रयाग में आरंभ होने वाले माघ मेले को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। पुलिस मुख्यालय की ओर से मेले में तैनात किए जाने वाले पुलिसकर्मियों को लेकर दिशा निर्देश जारी किए गए हैं। स्पष्ट किया गया है कि मेला ड्यूटी में 50 साल से अधिक आयु के पुलिसकर्मियों को नहीं लगाया जाएगा। साथ ही नशेबाज पुलिसकर्मी भी मेला ड्यूटी में तैनात नहीं किए जाएंगे।
आदेश में कहा गया है, कि मेला ड्यूटी के दौरान सभी पुलिस, पीएसी सहित अन्य सुरक्षा बलों की टीमों के पास मेडिकल किट होनी जरूरी है। मेला स्थल पर दंगा निरोधक उपकरण की व्यवस्था करने एवं क्यूआरटी की भी तैनाती के भी निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही कहा गया है, कि मेला ड्यूटी में लगाए जाने वाले वाहनों की पहले ही फिटनेस चेक करवा ली जाए।
-----------------------------------------------
प्रयागराज माघ मेला-2026 विशेषांक
शिविर का आयोजन एवं माघ मेले पर केंद्रित "धर्म नगरी माघ मेला-2026" के चार विशेषांक निकाले जाएंगे। इनका वितरण मेले में शिविरों में सन्तों धर्माचार्यों आदि को, मेला क्षेत्र में स्थित विभिन्न कार्यालयों, सरकारी एवं निजी प्रदर्शनियों आदि को फ्री या "सौजन्य से..." होगा, जिस प्रकार प्रयागराज महाकुंभ-2025 पर "धर्म नगरी" के तीन विशेषांकों को बांटा गया।
विशेषांको में आप भी संगम क्षेत्र के आयोजित अपने शिविर (कैम्प) की जानकारी, शिविर में होने वाले कार्यक्रम (यदि कोई हो), सारगर्भित लेख, अपने आश्रम मठ की गतिविधियां आदि प्रकाशित करवा सकते हैं। इसके साथ अपने नाम से विशेषांक बटवा सकते हैं (देखें ऊपर बायीं कोने)। संपर्क करें +91 8109107075-वाट्सएप ईमेल- dharm.nagari@gmail.com
-----------------------------------------------
मुख्यालय की ओर से पीएसी वाहिनी और जिला पुलिस प्रमुखों से माघ मेला ड्यूटी के लिए पुलिसकर्मियों ने नामों की सूची मांगी गई है। सूची में उन्हीं पुलिसकर्मियों के नाम देने को कहा है, जो पूरी तरह फिट हो और मेलावधि में जिनके परिवारों में विवाह समारोह जैसे आयोजन न प्रस्तावित हों।
मेला ड्यूटी के दौरान सभी पुलिस, पीएसी सहित अन्य सुरक्षा बलों की टीमों के पास मेडिकल किट होनी जरूरी है। मेला स्थल पर दंगा निरोधक उपकरण का इंतजाम किए जाने और क्यूआरटी की भी तैनाती के भी निर्देश दिए गए हैं। कहा गया है कि मेला ड्यूटी में लगाए जाने वाले वाहनों की पहले ही फिटनेस चेक करवा ली जाए।
मेला ड्यूटी के दौरान सभी पुलिस, पीएसी सहित अन्य सुरक्षा बलों की टीमों के पास मेडिकल किट होनी जरूरी है। मेला स्थल पर दंगा निरोधक उपकरण का इंतजाम किए जाने और क्यूआरटी की भी तैनाती के भी निर्देश दिए गए हैं। कहा गया है कि मेला ड्यूटी में लगाए जाने वाले वाहनों की पहले ही फिटनेस चेक करवा ली जाए।
उल्लेखनीय है, प्रतिवर्ष प्रयागराज माघ मेला की तैयारी शुरू होने के साथ ही सात्विक प्रवृत्ति वाले पुलिसकर्मियों की खोज होती है। (जिस वर्ष कुंभ या
अर्द्धकुंभ पड़ता है, उसमे माघ मेला समाहित हो जाता है।) इसके लिए आसपास के जिलों से पुलिसकर्मी खुद ही आवेदन करने लगे हैं। करीब डेढ़ माह ड्यूटी के साथ मां गंगा की सेवा का भी अवसर मिल जाता है। लगातार कई सालों से मेले में ड्यूटी करने वाले पुलिसकर्मी पूरी तरह से अध्यात्म में लीन रहते हैं। एक तरह से उनका भी कल्पवास हो जाता है।
स्नान के साथ पुलिसकर्मी सुनते हैं प्रवचन
धार्मिक भावनाओं से ओतप्रोत पुलिसकर्मी यहां सुबह गंगा स्नान करने के बाद पूजा-पाठ करते हैं। इसके बाद अपनी ड्यूटी पर तैनात होकर स्नानार्थियों के सेवाभाव में जुट जाते हैं। ड्यूटी करते हुए वे यहां प्रवचन भी सुनते रहते हैं। इस दौरान वे एक भी दिन अवकाश नहीं लेते। या यूं कहे कि वह कल्पवासियों की तरह ही यहां रहते हैं।
माघ मेले या महाकुंभ अथवा अर्द्धकुंभ मेला में ड्यूटी करने वाले पुलिसकर्मियों एवं अधिकारियों के अनुभव भी बहुत रोचक होते हैं। गोरखपुर के आमआसरे बताते हैं- इससे पहले भी मेला में तैनात रहा हूं। इस बार भी मां गंगा की सेवा का मौका चाहता हूं। यहां नौकरी के साथ पुण्य लाभ भी मिलता है। इसके लिए शीघ्र ही अधिकारियों के पास आवेदन करूंगा।
वहीं, पूर्वी उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले के अशोक तिवारी मुस्कुराते हुए कहते हैं- माघ मेले में ड्यूटी करने का अपना ही आनंद है। कई माघ मेले में ड्यूटी कर चुका हूं। थाने में ड्यूटी तो मुस्तैदी से करते हैं, लेकिन माघ मेले में ड्यूटी के साथ ही आस्था से जुड़ने का जो अनुभव होता है उसे वह बयां नहीं कर सकते।
जबकि बलिया के महेश कुमार कहते हैं- हमेशा कोशिश रहती है कि माघ और कुंभ मेला में ड्यूटी करूं। अधिकारी भी हमेशा प्रार्थना पत्र को स्वीकार करते हुए भेज देते हैं। चित्रकूट में तैनाती है, इस बार भी गंगा मां की कृपा हुई तो ड्यूटी लगेगी। यहां ड्यूटी के साथ कल्पवास भी हो जाता है।
उल्लेखनीय है, पांच साल पहले माघ मेला-2021 में लगभग पांच हजार पुलिस कर्मी मेला क्षेत्र में लगभग दो महीने तक तैनात रहे। सभी बिना मांस, मदिरा आदि तामसिक चीजों के, केवल सात्विक भोजन करते हुए ड्यूटी करते हैं।
प्राय: प्रयागराज जोन से पर्याप्त संख्या में पुलिसकर्मियों की व्यवस्था नहीं होती, इसलिए दूसरे जोन से पुलिस बल की मांग होती है। इसमें वाराणसी, आगरा जोन प्रमुख रूप से रहते हैं। इसमें बहुत ऐसे भी होते हैं, जो स्वयं माघ मेले में ड्यूटी के लिए इच्छुक होते हैं। वर्ष 2017 के माघ मेले में 7,000, 2018 में 6,500, 2019 के कुंभ मेले में 35,000 और 2020 के माघ मेले में 5,000 पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया था।
-----------------------------------------------
इसे भी पढ़ें-
माघ मेला में सुविधा संग संतों-श्रद्धालुओं को मिलेगी सुरक्षा, प्रयागराज में CM योगी...
☟
https://www.dharmnagari.com/2025/11/Prayagraj-Magh-mela-2026-CM-Yogi-Adityanath-assures-all-facilities-and-security.html
-

Post a Comment